इलेक्ट्रिक साइकिल और ई बाइक खरीदने वालों के लिए सरकार का बड़ा फैसला अब 600 वाट की मिलेगी पावर

भारत सरकार का सड़क परिवहन मंत्रालय देश में लो-स्पीड इलेक्ट्रिक साइकिल और ई-बाइक के लिए एक नया और धांसू नियम लेकर आया है। अब तक ई-बाइक के लिए 250 वाट की सीमा तय थी, जिसे सरकार ने बदलकर 600 वाट (0.6 kW) करने का प्रस्ताव रखा है। इस नए नियम के तहत बाइक की रफ्तार 25 किलोमीटर प्रति घंटा से कम ही रहनी चाहिए ताकि इसे कानूनी रूप से 'मोटर वाहन' की श्रेणी से बाहर रखा जा सके।
नए नियमों की मुख्य बातेंसरकार ने 21 अगस्त को इसका ड्राफ्ट जारी किया था और इसे 25 अगस्त को गजट में प्रकाशित किया गया है। अगर सब कुछ ठीक रहा तो ये नियम 1 अक्टूबर 2026 से लागू हो जाएंगे। सरकार ने जनता से इस पर 30 दिनों के भीतर सुझाव मांगे हैं। इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य ई-बाइक की कैटेगरी को साफ-सुथरा बनाना है ताकि बाजार में बिकने वाली साइकिलों को लेकर कोई भ्रम न रहे।
कानूनी छूट के लिए जरूरी शर्तेंअगर आप बिना रजिस्ट्रेशन और लाइसेंस के ई-बाइक चलाना चाहते हैं, तो आपकी गाड़ी को चार शर्तों को पूरा करना होगा। सबसे पहले, मोटर की 30 मिनट की पावर क्षमता 0.6 किलोवाट से कम होनी चाहिए। दूसरी शर्त यह है कि इसकी अधिकतम रफ्तार 25 किलोमीटर प्रति घंटा से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। तीसरी बात ये है कि साइकिल में आगे सफेद और पीछे लाल रिफ्लेक्टर होना अनिवार्य है। चौथी शर्त यह है कि पैडल असिस्ट वाली साइकिल में 25 की स्पीड पर पहुंचते ही मोटर अपने आप बंद हो जानी चाहिए।
खरीदारों के लिए जरूरी सलाहविशेषज्ञों का कहना है कि ई-बाइक खरीदते समय हमेशा टेस्टिंग एजेंसी का सर्टिफिकेट जरूर मांगें। सिर्फ डीलर के भरोसे न रहें। इसके अलावा, बैटरी की सुरक्षा के लिए सरकार ने अब लिथियम-आयन बैटरी का इस्तेमाल अनिवार्य कर दिया है। किसी भी तरह की छेड़छाड़ या कंट्रोलर बदलना आपकी गाड़ी की वारंटी और बीमा को खत्म कर सकता है। साथ ही, सुरक्षा के लिहाज से हेलमेट का इस्तेमाल करना हमेशा बेहतर रहता है।
| Index | Details |
|---|---|
| New Power Limit | 0.6 kW (600 Watt) |
| Speed Limit | Under 25 km/h |
| Battery Type | Lithium-ion Mandatory |
| Effective Date | 1 October 2026 (Proposed) |